इंदौर के बाणगंगा इलाके से 18 मार्च को लापता हुई 14 वर्षीय छात्रा का मामला अब गंभीर मोड़ ले चुका है। परिजनों की शिकायत के बाद पुलिस ने इलाके के एक युवक लखन पर संदेह जताया, जो काम के सिलसिले में शहर आया था। शुरुआती जांच में पता चला कि लड़की युवक के साथ ही गई थी।
पुलिस टीम ने युवक के गांव में दबिश दी, लेकिन दोनों वहां नहीं मिले। इसके बाद युवक के परिजनों ने जानकारी दी कि वे राजस्थान में मौजूद हैं, जहां युवक का मामा रहता है। पुलिस ने वहां भी दबिश दी, लेकिन दोनों का कोई सुराग नहीं मिला। इसी बीच अचानक दोनों इंदौर लौट आए और थाने पहुंच गए।
हालांकि, शनिवार को लड़की के इंदौर पहुंचने के बावजूद उसका मेडिकल दो दिन बाद सोमवार को कराया गया, जिस पर सवाल खड़े हो रहे हैं। पुलिस अब मामले में दुष्कर्म की FIR दर्ज करने की तैयारी में है।
लड़की के पिता ने आरोप लगाया है कि उनकी बेटी को बेचने के इरादे से राजस्थान ले जाया गया था। उनका कहना है कि जैसे ही युवक के मामा का नाम सामने आया, पूरे मामले को दबाने की कोशिश करते हुए लड़की को जल्दबाजी में इंदौर भेज दिया गया।
जानकारी के अनुसार, युवक का मामा चारभुजानाथ में रहता है और परिजनों के मुताबिक वह किन्नर है। पुलिस जब वहां पहुंची तो दोनों नहीं मिले, लेकिन दबिश के बाद ही दोनों का अचानक थाने पहुंचना पूरे घटनाक्रम को संदिग्ध बना रहा है।
परिवार ने पुलिस पर जांच में लापरवाही और उन्हें धमकाने के आरोप भी लगाए हैं। वहीं पुलिस का दावा है कि लड़की घर में मारपीट से परेशान होकर अपने प्रेमी के साथ गई थी। अब यह मामला प्रेम प्रसंग, मानव तस्करी या किसी बड़ी साजिश का हिस्सा है यह पुलिस जांच और मेडिकल रिपोर्ट के बाद ही साफ हो पाएगा।







