इंदौर… और इंदौर का तेजाजी नगर… बुधवार–गुरुवार की दरमियानी रात करीब 3 बजे सन्नाटे को चीरती एक तेज रफ्तार बोलेरो, और फिर एक जोरदार धमाका!
राजस्थान से लोगों को ठूंस-ठूंस कर लाई जा रही बोलेरो अचानक बेकाबू हुई और सीधे डिवाइडर से जा टकराई। नतीजा 11 लोग घायल, सड़क पर चीख-पुकार और हर तरफ अफरा-तफरी!
बताया जा रहा है कि बाइक सवार को बचाने की कोशिश में हादसा हुआ, लेकिन सवाल ये है इतनी तेज रफ्तार किसकी इजाज़त से?
क्या रात का अंधेरा ट्रैफिक नियमों की छुट्टी का बहाना बन गया था?
हादसा इतना भीषण था कि बोलेरो के परखच्चे उड़ गए। घायलों को आनन-फानन में एमवाय अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है। घायल होने वालों में तेजसिंह, धर्मेंद्र, सबूर, मनसुख, मानसिंह, लालू, पिंटू, कालू सिंह डोगर और सादिया शामिल हैं सभी राजस्थान के बांसवाड़ा क्षेत्र के निवासी बताए जा रहे हैं।
तेजाजी नगर पुलिस का कहना है कि घटना ब्रिज के पास हुई, बोलेरो तेज रफ्तार में थी और अचानक नियंत्रण खो बैठी।
लेकिन जनता पूछ रही है, क्या हर हादसे के बाद “कंट्रोल खो गया” कह देना काफी है?
कब रफ्तार के इस नशे पर ब्रेक लगेगा?
एक बार फिर सड़क पर लापरवाही जीती, नियम हारे… और कीमत चुकाई बेगुनाहों ने।







