उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में सोमवार दोपहर करीब डेढ़ बजे एक बड़ा हादसा हो गया, जब एक कोल्ड स्टोरेज की इमारत तेज धमाके के बाद अचानक ढह गई। इस दुर्घटना में करीब 20 मजदूर मलबे में दब गए, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई।
अब तक रेस्क्यू टीमों ने 17 लोगों को मलबे से बाहर निकाल लिया है, जबकि कई मजदूरों के अभी भी अंदर फंसे होने की आशंका जताई जा रही है। हादसे में चार मजदूरों की मौत की खबर सामने आई है, जिनमें पिलत चौधरी, मशींदर, ज्योतिष और जगदीश शामिल हैं। बताया जा रहा है कि जगदीश प्रयागराज के निवासी थे, जबकि अन्य तीन बिहार से थे। हालांकि, प्रशासन ने अभी आधिकारिक तौर पर मौतों की पुष्टि नहीं की है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हादसे की शुरुआत अमोनिया गैस स्टोरेज टैंक में हुए विस्फोट से हुई। धमाका इतना जोरदार था कि इमारत के आरसीसी पिलर कमजोर पड़ गए और पूरी संरचना कुछ ही पलों में भरभराकर गिर गई।
घटना के बाद प्रशासन ने तुरंत राहत और बचाव कार्य शुरू कर दिया। मौके पर सात जेसीबी मशीनों की मदद से मलबा हटाया जा रहा है। साथ ही SDRF और NDRF की टीमें भी बचाव कार्य में जुटी हुई हैं।
अधिकारियों का कहना है कि रेस्क्यू ऑपरेशन तेज़ी से जारी है और मलबे में फंसे सभी लोगों को सुरक्षित निकालने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। फिलहाल पूरे इलाके को सील कर दिया गया है और सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं।







