मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में महिला आरक्षण के मुद्दे पर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। प्रदेश कांग्रेस ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम को तत्काल लागू करने और महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने की मांग को लेकर बड़ा प्रदर्शन किया। प्लेटिनम प्लाजा से रोशनपुरा चौराहे तक निकाले गए इस पैदल मार्च में एक हजार से अधिक कार्यकर्ताओं ने भाग लिया, जिससे शहर की सियासत में हलचल बढ़ गई।
इस मार्च का नेतृत्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी और नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने किया। उनके साथ महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष रीना बौरासी सेतिया सहित बड़ी संख्या में महिला और पुरुष कार्यकर्ता शामिल हुए। मार्च के दौरान कांग्रेस नेताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और महिला आरक्षण को लेकर अपनी मांगें दोहराईं।
केंद्र पर देरी का आरोप, तुरंत लागू करने की मांग कांग्रेस ने 543 सीटों पर तत्काल आरक्षण लागू करने की उठाई मांग. कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर आरोप लगाया कि महिला आरक्षण लागू करने में जानबूझकर देरी की जा रही है। पार्टी का कहना है कि अगर सरकार वास्तव में महिलाओं को सशक्त बनाना चाहती है, तो मौजूदा 543 लोकसभा सीटों पर ही तुरंत 33 प्रतिशत आरक्षण लागू किया जाना चाहिए, न कि इसे भविष्य के परिसीमन से जोड़ा जाए।
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने यह भी कहा कि महिला आरक्षण केवल एक राजनीतिक मुद्दा नहीं, बल्कि सामाजिक न्याय और समान भागीदारी का सवाल है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार जल्द इस दिशा में ठोस कदम नहीं उठाती, तो कांग्रेस राज्यभर में इसी तरह के आंदोलन को और तेज करेगी।







