आईटी सेक्टर की एक बड़ी कंपनी पर धार्मिक उत्पीड़न और कार्यस्थल पर भेदभाव के गंभीर आरोप लगे हैं। पुणे की एक पूर्व महिला कर्मचारी ने दावा किया है कि नौकरी के दौरान उस पर धर्म परिवर्तन का दबाव बनाया गया और निजी जीवन में लगातार दखल दिया गया।
महिला का आरोप है कि उसकी एक सहकर्मी बार-बार उसे इस्लाम अपनाने और एक मुस्लिम युवक के साथ संबंध बनाने के लिए प्रेरित करती थी। इतना ही नहीं, उसे यह भी कहा जाता था कि धर्म बदलने से उसके करियर और विदेश जाने के अवसर बढ़ जाएंगे।
पीड़िता के अनुसार, उसने इस मामले की शिकायत कंपनी के वरिष्ठ अधिकारियों से की, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। उल्टा कंपनी की ओम्बड्स कमेटी में उसके खिलाफ ही शिकायत दर्ज कर दी गई। महिला का कहना है कि वह करीब 10 महीने तक इस मानसिक उत्पीड़न को सहती रही और आखिरकार उसे नौकरी छोड़नी पड़ी।
अब इस मामले में हिंजवडी पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई गई है। पीड़िता के वकील ने कंपनी को कानूनी नोटिस भेजते हुए 50 लाख रुपए के मुआवजे की मांग की है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और आरोपों की सत्यता की पड़ताल की जा रही है।







