मध्य प्रदेश के पन्ना जिले में वन विभाग की टीम पर हमले और शासकीय कार्य में बाधा डालने के मामले में बड़ी कार्रवाई सामने आई है। कांग्रेस नेता और पूर्व विधानसभा प्रत्याशी भरत मिलन पाण्डेय को गुरुवार को जबलपुर से गिरफ्तार कर लिया गया। उन पर वनकर्मियों के साथ हाथापाई करने, धमकाने और कार्रवाई में बाधा डालने के गंभीर आरोप लगे हैं।
घटना 23 अप्रैल की बताई जा रही है, जब धरमपुर रेंज की पिस्टा बीट में अवैध पत्थर उत्खनन की सूचना पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची थी। वनपाल महीप कुमार रावत अपनी टीम के साथ कार्रवाई कर रहे थे, तभी कथित तौर पर पत्थर माफिया लखन लाल पाण्डेय और उसके साथियों ने टीम पर हमला कर दिया।
मामले में आरोप है कि भरत मिलन पाण्डेय भी मौके पर पहुंचे और उन्होंने वनकर्मियों को धमकाते हुए आरोपियों को वहां से भगा दिया। इस दौरान वन विभाग के कर्मचारियों से मोबाइल फोन और ट्रैक्टर की चाबी भी छीन ली गई, जिससे सरकारी कार्रवाई बाधित हुई।
पुलिस ने इस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू की और साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई करते हुए भरत मिलन पाण्डेय को गिरफ्तार कर लिया। फिलहाल उनसे पूछताछ जारी है और अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है।







