राजगढ़ जिले में पुलिस ने नशे के बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश करते हुए ड्रग्स कारोबार से जुड़े पांच सौदागरों को गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई में 21 करोड़ रुपये कीमत की 21 किलो एमडी ड्रग्स जब्त की गई है, जबकि अलग-अलग स्थानों से 309 किलो से अधिक रॉ मटेरियल और कैमिकल भी बरामद हुआ है। पूरे मामले का खुलासा एसपी अमित कुमार तोलानी ने प्रेस वार्ता में किया।
इस सनसनीखेज खुलासे की शुरुआत 3 फरवरी की रात से हुई, जब राजस्थान पुलिस की स्पेशल टीम झालावाड़ जिले में वाहन चेकिंग कर रही थी। चेकिंग के दौरान एक पिकअप वाहन से करीब 320 किलो संदिग्ध केमिकल बरामद हुआ, जो ड्रग्स निर्माण में उपयोग किया जाता है। दस्तावेज न दिखा पाने पर संदेह गहराया और पूछताछ में राजगढ़ जिले के गोघटपुर गांव में अवैध फैक्ट्री संचालित होने की जानकारी मिली।
4 फरवरी को राजस्थान और माचलपुर पुलिस की संयुक्त टीम ने गोघटपुर में रघुनंदन पाटीदार के मकान पर दबिश दी। यहां से करीब 4 करोड़ रुपये का केमिकल बरामद हुआ और ड्रग्स बनाने की फैक्ट्री का खुलासा हुआ। लेकिन कहानी यहीं खत्म नहीं हुई।
7-8 फरवरी की रात आदमपुरा के जंगल में खेत की खंती में छिपाकर रखे गए पांच नीले ड्रमों में 266.9 किलो सफेद क्रिस्टल जैसा केमिकल मिला। इसकी अनुमानित कीमत 5 करोड़ रुपये आंकी गई। पुलिस ने क्षेत्र में जांच तेज की और स्थानीय लोगों से पूछताछ की। इसी दौरान एक सिल्वर रंग की मारुति वैगनआर कार द्वारा ड्रम फेंकने की सूचना मिली।
सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए। एक दुकान के कैमरे में 7 फरवरी को संदिग्ध कार आरजे-02 सीएफ-2543 नजर आई। वाहन झालावाड़ जिले के बरखेड़ा खुर्द निवासी ललित कुमार गुर्जर के नाम पर पंजीबद्ध मिला। मुखबिर सूचना पर ब्राह्मणगांव क्षेत्र में घेराबंदी कर कार को रोका गया। कार में सवार दिनेश गुर्जर, ललित गुर्जर और रामेश्वर गुर्जर को गिरफ्तार कर लिया गया।
पूछताछ में सामने आया कि ड्रम दीपक गुर्जर ने फेंकवाए थे। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए ग्राम माणा के पास से दीपक गुर्जर को गिरफ्तार किया। उसके घर की तलाशी में किचन से 10.160 किलो एमडी ड्रग्स बरामद हुई।
दीपक की निशानदेही पर पुलिस ने गोघटपुर निवासी रघुनंदन पाटीदार को भी हिरासत में लिया। उसने बाबाजी वाले सरसों के खेत में ड्रग्स छिपा रखी थी। खेत से 11.350 किलो एमडी ड्रग्स बरामद की गई।
पांचों आरोपियों की गिरफ्तारी के साथ पुलिस ने 21 करोड़ की तैयार एमडी ड्रग्स और करीब 9 करोड़ के रॉ मटेरियल समेत कुल 30 करोड़ रुपये से अधिक का मादक पदार्थ जब्त किया है। पुलिस अब पूरे नेटवर्क की कड़ियां खंगाल रही है और यह पता लगाने में जुटी है कि इस नशे का जाल किन-किन राज्यों तक फैला हुआ था।







