देश की सरकारी तेल कंपनियां (OMCs) घरेलू रसोई गैस को लेकर एक बड़ा बदलाव करने की योजना बना रही हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, अब 14.2 किलो वाले LPG सिलेंडर में केवल 10 किलो गैस भरकर देने का प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है। इस कदम का मकसद सीमित गैस स्टॉक को ज्यादा से ज्यादा परिवारों तक पहुंचाना है, खासकर उन इलाकों में जहां सप्लाई में दिक्कतें आती हैं।
तेल कंपनियों का मानना है कि आमतौर पर 14.2 किलो का सिलेंडर एक परिवार में 35 से 40 दिन तक चलता है। ऐसे में 10 किलो गैस वाला सिलेंडर भी करीब एक महीने तक उपयोग में आ सकता है। इस बदलाव से गैस की उपलब्धता बढ़ेगी और ज्यादा घरों तक समय पर सिलेंडर पहुंच सकेगा।
सस्ती हो सकती है रसोई गैस, ज्यादा लोगों तक पहुंचेगा फायदा
इस प्रस्ताव का एक बड़ा फायदा यह भी हो सकता है कि गैस सिलेंडर की कीमतों में कमी देखने को मिले। चूंकि सिलेंडर में गैस की मात्रा कम होगी, इसलिए उपभोक्ताओं को कम कीमत चुकानी पड़ सकती है। इससे महंगाई से जूझ रहे आम लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है।
विशेषज्ञों का कहना है कि यह कदम खासतौर पर ग्रामीण और दूरदराज के क्षेत्रों में गैस की कमी को दूर करने में मददगार साबित हो सकता है। अगर यह योजना लागू होती है, तो इससे देशभर में LPG की सप्लाई और वितरण व्यवस्था को संतुलित करने में भी मदद मिलेगी।







