ईरान के सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई ने एक लिखित बयान में स्पष्ट किया है कि उनका देश अपनी परमाणु और मिसाइल क्षमताओं से किसी भी परिस्थिति में पीछे नहीं हटेगा। यह बयान ईरान के सरकारी टेलीविजन पर पढ़कर प्रसारित किया गया, जिसमें राष्ट्रीय सुरक्षा और सैन्य ताकत को देश की “रणनीतिक संपत्ति” बताया गया।
खामेनेई ने जोर देकर कहा कि ईरान अपनी परमाणु तकनीक और मिसाइल शक्ति की पूरी तरह से रक्षा करेगा और इसे किसी भी दबाव में कमजोर नहीं होने देगा। उनके अनुसार ये क्षमताएँ देश की सुरक्षा और संप्रभुता का अहम हिस्सा हैं।
अपने बयान में उन्होंने हॉर्मुज स्ट्रेट को लेकर भी बड़ा दावा किया। खामेनेई ने कहा कि इस रणनीतिक जलमार्ग में एक “नया दौर” शुरू हो चुका है, जो आने वाले समय में क्षेत्र में शांति, विकास और आर्थिक अवसरों को बढ़ावा देगा।
इसके साथ ही उन्होंने अमेरिका पर तीखा हमला करते हुए कहा कि उसके सैन्य ठिकाने (बेस) खुद ही पर्याप्त रूप से सुरक्षित नहीं हैं, ऐसे में वे इस क्षेत्र के अन्य देशों को सुरक्षा देने का दावा कैसे कर सकते हैं। उनके इस बयान ने एक बार फिर ईरान और पश्चिमी देशों के बीच तनावपूर्ण रिश्तों को चर्चा में ला दिया है।







