गुजरात के बहुचर्चित भायली गैंगरेप मामले में वडोदरा की अदालत ने सोमवार को बड़ा फैसला सुनाया है। अदालत ने नाबालिग से सामूहिक दुष्कर्म के मामले में पांचों दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही सभी दोषियों पर 50-50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है।
मामला 4 अक्टूबर 2024 की रात का है। नवरात्रि के दौरान गरबा कार्यक्रम से लौट रही एक नाबालिग लड़की अपने दोस्त के साथ जा रही थी। इसी दौरान आरोपियों ने दोनों को सुनसान इलाके में रोक लिया।
आरोप है कि आरोपियों ने लड़की के दोस्त को बंधक बना लिया और उसके सामने ही नाबालिग के साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। घटना के बाद मामले ने पूरे गुजरात में सनसनी फैला दी थी और पुलिस ने जांच शुरू कर आरोपियों को गिरफ्तार किया था।
अब करीब दो साल बाद अदालत ने इस मामले में अपना फैसला सुनाते हुए पांचों आरोपियों को उम्रकैद की सजा दी है। कोर्ट ने पीड़िता के पुनर्वास और सहायता के लिए उसे 10 लाख रुपये का मुआवजा देने का भी आदेश दिया है।
अदालत के इस फैसले को पीड़ित पक्ष के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। वहीं, यह मामला एक बार फिर सवाल खड़ा करता है कि महिलाओं और नाबालिगों की सुरक्षा के लिए समाज और प्रशासन को किस स्तर तक सतर्क रहने की जरूरत है।
भायली गैंगरेप मामले में अदालत का यह फैसला अब कानून के जरिए न्याय मिलने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।







