देशभर के करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र बद्रीनाथ धाम इस समय एक नए विवाद को लेकर सुर्खियों में है। अयोध्या राम मंदिर के बाद अब बद्रीनाथ मंदिर में चढ़ावे और दान की राशि को लेकर गंभीर सवाल उठाए गए हैं। सोशल मीडिया पर वायरल हुए आरोपों ने मंदिर प्रशासन को भी कार्रवाई के लिए मजबूर कर दिया है।
मामला तब सामने आया जब ‘भैरव सेना’ नाम के एक संगठन ने श्री बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति यानी BKTC के वरिष्ठ अधिकारियों को शिकायत सौंपते हुए आरोप लगाया कि मंदिर के एक कर्मचारी द्वारा भक्तों के चढ़ावे में कथित गड़बड़ी की गई है। संगठन का कहना है कि यह केवल पैसों का मामला नहीं, बल्कि करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़ा विषय है, इसलिए निष्पक्ष और पारदर्शी जांच बेहद जरूरी है।
विवाद बढ़ने के बाद मंदिर समिति के मुख्य कार्याधिकारी सोहन सिंह रांगड़ ने बताया कि 2 जुलाई से सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे दावों को गंभीरता से लिया गया है। इसी के तहत मंदिर परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की जांच भी कराई गई। हालांकि उपलब्ध फुटेज पूरी तरह स्पष्ट नहीं मिली, लेकिन पूरे मामले की जानकारी समिति के अध्यक्ष को सौंप दी गई है और विस्तृत जांच के आदेश दिए गए हैं।
फिलहाल मंदिर प्रशासन का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि आरोपों में कितनी सच्चाई है। दूसरी ओर, श्रद्धालु और स्थानीय लोग भी चाहते हैं कि जांच निष्पक्ष हो और यदि किसी स्तर पर अनियमितता हुई है तो दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
अब सबकी नजर जांच रिपोर्ट पर टिकी है, क्योंकि सवाल सिर्फ चढ़ावे का नहीं, बल्कि करोड़ों लोगों की धार्मिक आस्था और मंदिर व्यवस्था की पारदर्शिता का है।







