झाबुआ के उत्कृष्ट मैदान में चल रहे पारंपरिक “महाराज नो मेलो” में सोमवार शाम उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब बच्चों से भरा नाव झूला अचानक संतुलन खो बैठा और देखते ही देखते ज़मीन पर आ गिरा। पल भर पहले जहां हंसी-ठिठोली गूंज रही थी, वहीं अगले ही क्षण चीख-पुकार सुनाई देने लगी।
हादसे में उत्कृष्ट स्कूल के 14 छात्र-छात्राएं घायल हो गए। इनमें से दो छात्राओं को गंभीर चोटें आई हैं, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद विशेष निगरानी में रखा गया है। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक झूले पर तय क्षमता से कहीं ज्यादा बच्चों को बैठाया गया था, जिससे यह बड़ा हादसा हुआ।
घटना के तुरंत बाद स्थानीय लोगों ने घायलों को बाहर निकाला और सभी को जिला अस्पताल झाबुआ पहुंचाया गया। इस हादसे का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें झूले के गिरते ही मची भगदड़ साफ देखी जा सकती है।
दोपहर करीब 4 बजे हुई इस घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन हरकत में आ गया। एसपी डॉ. शिवदयाल सिंह के नेतृत्व में पुलिस और राजस्व विभाग की टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। मेले की सुरक्षा व्यवस्था और झूलों की अनुमति से जुड़ी जांच शुरू कर दी गई है।
फिलहाल मेले में अन्य झूलों को अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया है, वहीं प्रशासन की लापरवाही पर सवाल खड़े होने लगे हैं। अब देखने वाली बात यह होगी कि इस हादसे के बाद जिम्मेदारों पर क्या कार्रवाई होती है।







