इंदौर के एरोड्रम क्षेत्र में एक मामूली विवाद ने उस वक्त खौफनाक मोड़ ले लिया, जब फ्री में मिठाई न देने पर डेयरी संचालक और उसके परिवार पर जानलेवा हमला कर दिया गया। घटना के बाद इलाके में दहशत फैल गई, वहीं पुलिस की तेज कार्रवाई से आरोपी ज्यादा देर कानून से नहीं बच सके।
क्या है पूरा मामला?
दिनांक 09 जनवरी 2026 की रात करीब 9.30 बजे सावरिया नगर निवासी अंकित गुर्जर, जो 60 फीट रोड स्थित कृष्णा डेयरी का संचालन करते हैं, अपनी दुकान पर मौजूद थे। इसी दौरान साहू नगर निवासी सुजल बारसे मिठाई लेने आया और बिना पैसे दिए जाने लगा। जब उससे मिठाई के पैसे मांगे गए, तो वह विवाद करते हुए वहां से चला गया।
कुछ ही देर बाद सुजल अपने साथियों—राहुल उर्फ योगेश, मयंक और सौरभ उर्फ अंकुश के साथ वापस लौटा। आरोप है कि चारों ने मिलकर अंकित गुर्जर, उनके पिता और भाई के साथ गाली-गलौज की और फिर उस्तरा व चाकू से प्राणघातक हमला कर दिया। हमले के बाद जान से मारने की धमकी देते हुए आरोपी मौके से फरार हो गए।
गंभीर धाराओं में मामला दर्ज
घटना की सूचना मिलते ही थाना एरोड्रम पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना शुरू की।
वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर त्वरित कार्रवाई
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस आयुक्त इंदौर संतोष कुमार सिंह, अतिरिक्त पुलिस आयुक्त अमित सिंह, पुलिस उपायुक्त जोन-1 कृष्ण लालचंदानी एवं सहायक पुलिस आयुक्त विवेक सिंह चौहान के निर्देशन में विशेष टीम गठित की गई।
लगातार दबिश और सतर्क प्रयासों के बाद पुलिस ने चारों आरोपियों को अल्प समय में गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों के कब्जे से वारदात में प्रयुक्त चाकू और उस्तरा भी बरामद कर लिए गए हैं।
गिरफ्तार आरोपी:
सुजल पिता राम बारसे (21 वर्ष), निवासी 60 फीट रोड, एरोड्रम
सौरभ उर्फ अंकुश पिता श्याम बारसे (24 वर्ष), निवासी 60 फीट रोड, एरोड्रम
मयंक पिता राजेश पाखरे (27 वर्ष), निवासी अरिहंत नगर, गांधी नगर
योगेश उर्फ राहुल पिता राजू उर्फ गुड्डू बारसे (23 वर्ष), निवासी 60 फीट रोड, एरोड्रम
पुलिस का कहना है कि आरोपियों से आगे की पूछताछ जारी है और कानून के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।
एक छोटी-सी जिद से शुरू हुआ विवाद कैसे हिंसा में बदल गया, यह घटना समाज के लिए एक गंभीर चेतावनी बनकर सामने आई है।







