उज्जैन में शुक्रवार को यातायात सुधार की दिशा में एक अनोखी और सकारात्मक पहल देखने को मिली। उज्जैन स्मार्ट सिटी और यातायात पुलिस ने मिलकर एक महीने तक चलने वाले विशेष जागरूकता अभियान की शुरुआत चामुंडा माता मंदिर चौराहे से की। इस अभियान की सबसे खास बात यह रही कि नियम तोड़ने वालों को दंड नहीं, बल्कि तुलसी का पौधा भेंट किया गया।
अभियान का उद्देश्य केवल नियमों की जानकारी देना नहीं, बल्कि लोगों के मन में जिम्मेदारी का भाव पैदा करना है। अधिकारियों का मानना है कि जब वाहन चालक घर जाकर उस पौधे में पानी डालेंगे, तो उन्हें अपनी गलती और यातायात नियमों का महत्व याद आएगा।
चामुंडा माता मंदिर चौराहे पर यातायात पुलिस और स्मार्ट सिटी की संयुक्त टीम ने वाहन चालकों को लाल बत्ती पर रुकने, स्टॉप लाइन और जेब्रा क्रॉसिंग का पालन करने, हेलमेट पहनने, सीट बेल्ट लगाने और वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का उपयोग न करने जैसे जरूरी नियमों की समझाइश दी।
इतना ही नहीं, स्मार्ट सिटी की ओर से लोगों को सुरक्षा के प्रति प्रेरित करने के लिए हेलमेट भी 15 प्रतिशत कम कीमत पर उपलब्ध कराए गए, जिससे ज्यादा से ज्यादा लोग इसका लाभ उठा सकें।
स्मार्ट सिटी के सीईओ संदीप शिवा ने बताया कि यह अभियान पूरे महीने चलेगा। इस दौरान शहर के व्यस्त और भीड़भाड़ वाले चौराहों पर लगातार समझाइश दी जाएगी। चामुंडा माता मंदिर चौराहे के बाद यह अभियान तीन बत्ती, इंजीनियरिंग कॉलेज चौराहा, नानाखेड़ा चौराहा, कोयला फाटक सहित अन्य प्रमुख चौराहों तक पहुंचेगा।
प्रशासन को उम्मीद है कि यह अनोखा तरीका लोगों को नियमों से जोड़ने में कारगर साबित होगा और उज्जैन की सड़कों पर सुरक्षा और अनुशासन दोनों मजबूत होंगे।







