शहर के जीवागंज क्षेत्र में बछड़े का कटा हुआ सिर मिलने की घटना ने शनिवार को पूरे मंदसौर की रफ्तार थाम दी। आरोपियों की अब तक गिरफ्तारी नहीं होने से नाराज सर्व हिंदू समाज, विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के आह्वान पर मंदसौर बंद रखा गया। सुबह से ही संगठनों के कार्यकर्ता रैली के रूप में शहर की सड़कों पर उतरे और दुकानों को बंद कराने लगे, जिससे बाजारों में सन्नाटा पसर गया।
घटना के बाद से ही माहौल लगातार गरमाता जा रहा है। उल्लेखनीय है कि 5 फरवरी को दोपहर करीब 3 बजे जीवागंज क्षेत्र में बछड़े का कटा सिर मिलने के बाद हिंदू संगठनों ने नयापुरा रोड पर चक्काजाम कर दिया था। इस दौरान पुलिस अधिकारियों और संगठन कार्यकर्ताओं के बीच तीखी बहस और तनातनी की स्थिति भी बनी। बाद में कार्यकर्ता रैली के रूप में घंटाघर होते हुए शहर कोतवाली पहुंचे और ज्ञापन सौंपकर चेतावनी दी थी कि यदि जल्द आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया गया तो 7 फरवरी को मंदसौर बंद और 8 फरवरी को राजमार्ग जाम किया जाएगा।
पुलिस की ओर से अब तक जीवागंज मामले में किसी की गिरफ्तारी नहीं होने से आक्रोश और बढ़ गया। इसी के चलते शनिवार सुबह से ही कार्यकर्ता शहर में घूमते रहे और बंद को सफल बनाने का प्रयास करते रहे। बंद के कारण कई इलाकों में दुकानें नहीं खुलीं, यातायात भी प्रभावित रहा और शहर में तनावपूर्ण शांति का माहौल बना रहा। पुलिस स्थिति पर नजर बनाए हुए है, जबकि नागरिकों की निगाहें अब प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी हैं।







