बालाघाट के लांजी क्षेत्र से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आई है, जहां EOW जबलपुर की टीम ने मनेरी सेवा सहकारी समिति के प्रभारी प्रबंधक विलास चौरे के घर पर तड़के छापामार कार्रवाई की। नीमटोला निवासी चौरे के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति की जांच की जा रही है।
EOW के मुताबिक, करीब 12 साल की नौकरी के दौरान विलास चौरे की कुल ज्ञात आय लगभग 25 लाख रुपए रही है। लेकिन जांच के दौरान उनकी संपत्ति और निवेश का जो ब्यौरा सामने आया, उसने अधिकारियों को भी चौंका दिया। EOW का दावा है कि ज्ञात आय की तुलना में करीब 500 गुना अधिक संपत्ति के संकेत मिले हैं।
छापे के दौरान टीम को कई वाहन, जमीन, मकान, बैंक खाते, बीमा पॉलिसी, सोने और अलग-अलग निवेश से जुड़े दस्तावेज मिले हैं। जांच के दौरान बैंक खातों को सीज कर दिया गया है और अब संपत्तियों के स्रोत की पड़ताल की जा रही है।
सबसे खास बात यह है कि चौरे के पास करीब 2 करोड़ रुपए कीमत के वाहन मिलने की जानकारी सामने आई है। इनमें चार 50 सीटर बसें, एक ट्रैवलर बस, दो बोलेरो, ग्रैंड विटारा, स्कॉर्पियो और दो ट्रैक्टर शामिल हैं।
EOW के DSP मंजीत सिंह के अनुसार, चौरे की पत्नी के नाम पर ट्रैवल्स का काम भी संचालित होने की जानकारी सामने आई है। इसके अलावा चौरे अपने घर में जिम खोलने की तैयारी कर रहे थे और इसके लिए करीब 10 लाख रुपए के जिम इक्विपमेंट खरीदकर रखे गए थे।
फिलहाल EOW की टीम दस्तावेजों और संपत्तियों का मिलान कर रही है। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि सामने आई संपत्ति में कितनी संपत्ति वैध आय से अर्जित की गई और कितनी आय से अधिक है।




