सीधी जिले के चुरहट क्षेत्र में सोन नदी ने अचानक रौद्र रूप धारण कर लिया है। नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ने के बाद बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं। सबसे ज्यादा असर नदी के बीच स्थापित करीब 150 साल पुरानी भगवान बजरंगबली और मां दुर्गा की प्राचीन प्रतिमाओं पर पड़ा है। दोनों प्रतिमाएं लगभग पूरी तरह पानी में समा गई हैं और अब उनका सिर्फ थोड़ा सा हिस्सा ही जलस्तर के ऊपर दिखाई दे रहा है।
बताया जा रहा है कि सामान्य दिनों में इस स्थान पर सोन नदी का पानी घुटनों तक ही रहता था। इसी वजह से श्रद्धालु आसानी से नदी के बीच पहुंचकर बजरंगबली और मां दुर्गा के दर्शन करते थे। लंबे समय से यहां पूजा-पाठ और दर्शन की परंपरा चली आ रही है।
लेकिन गुरुवार सुबह करीब 8 बजे नदी का जलस्तर अचानक तेजी से बढ़ने लगा। कुछ ही देर में पानी प्रतिमाओं के आसपास भर गया और देखते ही देखते दोनों प्राचीन प्रतिमाएं पानी में डूब गईं।
नदी का जलस्तर बढ़ने के बाद प्रशासन भी सतर्क हो गया है। सुरक्षा को देखते हुए तहसीलदार ने लोगों को नदी के किनारे और पानी के करीब जाने से रोक दिया है। अब श्रद्धालु नदी में उतरने के बजाय पुल से ही दूर से भगवान के दर्शन कर रहे हैं।
स्थानीय लोगों के लिए ये प्रतिमाएं सिर्फ धार्मिक आस्था का केंद्र नहीं, बल्कि वर्षों पुरानी परंपरा और आस्था की पहचान भी हैं। फिलहाल सोन नदी का बढ़ता जलस्तर लोगों के लिए चिंता का विषय बना हुआ है और प्रशासन लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है।




