दक्षिण अमेरिकी देश वेनेजुएला इस समय अपने इतिहास की सबसे भयावह प्राकृतिक आपदाओं में से एक का सामना कर रहा है। लगातार आए दो शक्तिशाली भूकंपों ने पूरे देश को हिलाकर रख दिया है।
अब तक 235 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि 4300 से अधिक लोग घायल बताए जा रहे हैं। हालात इतने गंभीर हैं कि सरकार ने 39 हजार से ज्यादा लोगों के लापता होने की जानकारी दी है। राहत और बचाव दल लगातार मलबे में दबे लोगों की तलाश कर रहे हैं, लेकिन कई इमारतों के नीचे से अब भी लोगों की आवाजें सुनाई देने की खबरें सामने आ रही हैं।
बताया जा रहा है कि जिस दिन यह भूकंप आया, उस दिन देश में राष्ट्रीय अवकाश था। ज्यादातर लोग अपने घरों में परिवार के साथ मौजूद थे और फीफा वर्ल्ड कप का मुकाबला देख रहे थे। इसी वजह से बड़ी संख्या में लोग इमारतों के मलबे में दब गए।
अमेरिकी जियोलॉजिकल सर्वे ने भी चिंता जताई है। एजेंसी के अनुसार मृतकों की संख्या अभी और बढ़ सकती है। शुरुआती आकलन के मुताबिक 10 हजार से अधिक लोगों की मौत की आशंका जताई गई है, जबकि भारी आर्थिक नुकसान का अनुमान भी लगाया जा रहा है।
इस भीषण आपदा के बाद वेनेजुएला सरकार ने पूरे देश में आपातकाल लागू कर दिया है। सेना, बचाव दल और अंतरराष्ट्रीय एजेंसियां राहत कार्य में जुटी हुई हैं। अस्पतालों में घायलों की लंबी कतारें हैं और हजारों परिवार अपने लापता परिजनों की तलाश में भटक रहे हैं।
भारत ने भी इस मुश्किल घड़ी में वेनेजुएला के साथ एकजुटता दिखाई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज से बातचीत कर हर संभव सहायता का भरोसा दिलाया है।
फिलहाल दुनिया की निगाहें वेनेजुएला पर टिकी हैं, जहां हर गुजरता पल किसी नई उम्मीद या फिर किसी नई दुखद खबर के साथ सामने आ रहा है। फिलहाल के लिए इतना ही, ऐसी ही हर बड़ी खबर के लिए जुड़े रहिए MS TODAY NEWS के साथ।







